डिंडोरी। जिला मुख्यालय डिंडोरी नगर में लंबे समय से जारी अवैध शराब की बिक्री पर रोक लगाने की मांग को लेकर युवाओं ने कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि जिले में बीते काफी समय से खुलेआम अवैध शराब का उत्पादन और विक्रय किया जा रहा है, जो शासन के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद बदस्तूर जारी है।
युवाओं ने बताया कि पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और वर्तमान मुख्यमंत्री मोहन यादव के आदेशों के तहत नर्मदा किनारे 5 किलोमीटर के दायरे में शराब बिक्री पर प्रतिबंध लगाया गया था, लेकिन इसके बाद भी प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही है। नतीजतन नर्मदा किनारे लोग खुलेआम शराब पीते देखे जा सकते हैं।
ज्ञापन में कहा गया कि अवैध शराब के कारण क्षेत्र में अपराध, झगड़े, सड़क दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं और युवाओं का भविष्य दांव पर लग रहा है। गलियों-मोहल्लों में अवैध शराब के कारोबारी सक्रिय हैं, जिन पर स्थानीय स्तर पर शिकायतों के बावजूद कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हो पाई है।
युवाओं ने यह भी आरोप लगाया कि डिंडोरी मुख्यालय में दर्जनों पान दुकानें, गुमटियां और ढाबों पर खुलेआम अवैध शराब बेची जा रही है। इससे न केवल कानून-व्यवस्था प्रभावित हो रही है, बल्कि नर्मदा की स्वच्छता और पवित्रता अभियान को भी आघात पहुंच रहा है। नर्मदा तट पर शराब की बोतलें और अन्य अपशिष्ट पड़े देखे जा सकते हैं।
ज्ञापन के माध्यम से आबकारी विभाग सहित संबंधित विभागों को निर्देशित कर नगर में अवैध शराब के कारोबार पर तत्काल और सख्त कार्रवाई करने की मांग की गई है, ताकि क्षेत्र में शांति, कानून-व्यवस्था और सामाजिक संतुलन कायम रह सके।
इस संबंध में कोतवाली डिंडोरी प्रभारी दुर्गादास नागपुरे ने कहा कि समय-समय पर अवैध शराब बिक्री पर कार्रवाई की जाती है और सूचना मिलने पर आगे भी लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।