बिना पानी के ही बह गया स्टाप डेम, ठेकेदारी प्रथा की बलि चढ़ा

लाखों रुपए की लागत से बना स्टांप डेम हुआ क्षतिग्रस्त, ग्रामीणों में आक्रोश पानी को तरसता स्टाप डेम

रेवांचल टाइम्स – मंडला आदिवासी बाहुल्य जिले के विकास खण्ड मोहगांव की ग्राम पंचायत पिपरिया के छपरा टोला में लाखो की लागत से बनाये गए स्टाप डेम जो अपनी गुणवत्ता की कहानी खुद ही व्यया कर रहा है और आखिर किस कदर लाखो रुपये से पानी रोकने के लिए बनाया गया स्टॉपडेम जिसमे निर्माण एजेन्सी तो ग्राम पंचायत है पर ठेकेदारी प्रथा के चलते आज निर्माण कार्यों में सरकारी राशि का कितना बंदरबांट किया जा रहा है जो कि शासन योजनाएं लोगों को मुलभूत सुविधाएं के लिए लगातार क्रियान्वयन कर रही है पर जिम्मेदारो ने किस कदर शासकीय राशि पर पतीला लगा रहे है ये किसी से छुपा नही है।


वही जानकारी के अनुसार लाखो की लागत से ग्राम छपरा में इनारी नाले में वर्ष 2023 में बने स्टॉप डेम की जो दुर्दशा खुद ही व्यया कर रहा है जी आज खुद ही पानी को तरस रहे है, जिम्मेदारो ने किस कदर भ्रष्टाचार कर सरकार की मंशा पर पानी फेर दिया है, सरकार स्टाप डेम ग्रामीण इलाकों में जल संरक्षण का मजबूत आधार बनने के दृण संकल्पित है पर जो योजनाएं जिले में क्रियान्वयन की जा रही है उसकी कागजी हकीकत और जमीनी हकीकत कुछ और बया करती हैं। कही न कही ये ग्राम पंचायत से लेकर जिला मुख्यालय तक बैठे जिम्मेदारो और जनप्रतिनिधियों की अनदेखी के चलते या फिर निजी स्वार्थ के कारण ही सम्भव हो रहा है जहाँ पर बेख़ौफ़ सरकारी धन की सरपंच सचिव रोजगार सहायक और उपयंत्री से लेकर जिला मुख्यालय तक सब का कमीशन बना हुआ हैं शायद इसकी कारण से शिक़वा शिकायत के बाद भी जाँच की फाइल धूल खाती रहती है और जिम्मेदार मलाई।

गर्मी की शुरुआत से ही पानी नही
स्टाप डेम से पानी नादारत है आस पास के लोग मवेशियों और पशु पक्षी सभी प्यासे जहां होना था पानी अब बन चुके है सूखे की तस्वीर
जनपद पंचायत मोहगांव की ग्राम पंचायत पिपारिया रैयत के ग्राम छपरा टोला में बारह लाख की लागत से वर्ष 2023 में स्टाप डेम का निर्माण कार्य कराया गया था जिसका उद्देश्य जल संरक्षण और किसानों को सिंचाई सुविधा प्रदान करने के लिए शासन द्वारा लाखों रुपए खर्च कर छपरा टोला में स्टांप डेम का निर्माण कराया गया था। लेकिन हैरानी की बात यह है कि यह डेम महज दो साल के भीतर ही छतीग्रस्त हो गया, जिससे न केवल सरकारी धन की बर्बादी हुई है, बल्कि स्थानीय किसानों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ रहा है।

स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण कार्य में जमकर लापरवाही बरती गई। मानक गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा गया और घटिया सामग्री और डस्ट का उपयोग किया गया। पहली ही बारिश में डेम की दीवारें दरक गईं,थी जिससे पानी रिसने लगा था और अब पूरा डेम बेकार हो गया है।

, “ग्रामवासियों का कहना है हमने सोचा था कि डेम बनने से साल भर खेतों में पानी मिलेगा,अब खेत सूखे नही रहेंगे अगर ईमानदारी से बना होता तो सालों तक काम करता, लेकिन भ्रष्टाचार ने सब चौपट कर दिया।
जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग
वही जिले में भ्रष्टाचार का बोलबाला है, नही सुनी जा रही लोगों की शिक़वा शिकायते और शासन की योजनाओं में मंचा रखी हुई हैं लूट ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि इस स्टाप डेम की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो। निर्माण एजेंसी को ब्लैकलिस्ट करने की मांग भी की जा रही है।

प्रशासनिक लापरवाही पर उठे सवाल

स्थानीय जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की भूमिका भी इस मामले में संदिग्ध मानी जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण के समय शिकायतों के बावजूद किसी ने ध्यान नहीं दिया और अब जब डेम टूट चुका है, तो कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे है।
वही स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही मरम्मत और कार्रवाई नहीं होती तो वे जन आंदोलन शुरू करेंगे। साथ ही मीडिया से भी अपील की है कि वे इस मुद्दे को जोरशोर से उठाएं ताकि दोषियों को सजा मिल सके।

इनका कहना है कि….

आपके माध्यम से जानकारी प्राप्त हुई हैं और में अभी कुछ समय पहले ही मोहगांव में ज्वाइन किया हूँ कब बहा कैसे बहा बतला सकते और में कल दिखवा लेता हूँ कि किसकी लापरवाही है।
कृष्णकांत उइके
मुख्य कार्यपालन अधिकारी मोहगाव मंडला
स्टाप डेम टूट गया है मुझे इस कि जानकारी नही है देखकर ही बता पाउँगा बारह लाख की लागत से तीन वर्ष पहले निर्माण कराया गया था। कैसे टूट गया देख कर ही बताया जा सकता हैं।
कैलाश साहू
सचिव ग्राम पंचायत पिपरिया
जनपद मोहगांव

इनारी नाला में 2023 में मोहगांव के ठेकेदार के द्वारा बनाया गया था मैंने पूरे स्टापडेम में काम किया हूं मेंरा तीन सप्ताह का भुगतान नही हुआ है, और बहुत ही घटिया काम हुआ हैं बनते ही जगह जगह से टूटने लगा था, सचिव कैलाश साहू कभी काम देखने नही आये थे।
डुमारी लाल झरिया
छपरा टोला पंचायत पिपरिया मोहगांव

2023 में ही जैसे तैसे पूरा कर के ठेकेदार लोगों पैसा खा कर फरार हो गया है और बहुत से लोगो ने मजदूरी की थी जिसका आज भी भुगतान नही किया गया हैं और डेम में जो रेत लगी है वह इसी नाले की काली रेत और डस्ट से बनाया गया है, घटिया निर्माण कराया गया है हमारे कहने के बाद भी सुधार नही किया गया कभी न सरपंच सचिव और न ही उपयंत्री काम देखने आए है केवल मोहगांव के ठेकेदार ही आते थे।
दुर्गेश झरिया
ग्राम पंचायत पिपरिया छपरा टोला मंडला

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