धार भोजशाला में उमड़ा जनसैलाब: “भारत ऋषि-मुनियों की भूमि, 2027 तक बनेगा हिंदू राष्ट्र” – स्वामी स्वदेशानंद
📍 स्थान – छिंदवाड़ा (मध्य प्रदेश)
🖋️ संवाददाता – जितेन्द्र अलबेला

धार (मध्य प्रदेश): ऐतिहासिक भोजशाला में बसंत पंचमी के पावन अवसर पर मां सरस्वती का जन्मोत्सव भव्य रूप से मनाया गया। इस कार्यक्रम में स्वामी स्वदेशानंद ब्रह्म गिरि महाराज और विश्व हिंदू परिषद के राष्ट्रीय प्रचारक आलोक कुमार सहित कई प्रमुख संतों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
*मुख्य आकर्षण और संबोधन हिंदू राष्ट्र की घोषणा*
स्वामी स्वदेशानंद ने भविष्यवाणी की कि वर्ष 2026 के अंत तक नेपाल और 2027 तक भारत पूर्ण रूप से हिंदू राष्ट्र बनेगा।
कड़ा संदेश उन्होंने दो-टूक शब्दों में कहा, “यह भूमि महाराणा प्रताप, राजा भोज और शिवाजी महाराज की है, मुगलों की नहीं। यहाँ सभी को ठीक से रहना होगा, हमें भाईचारा निभाना आता है तो ‘ठीक’ करना भी आता है।”
*ऐतिहासिक संदर्भ* वीएचपी नेता आलोक कुमार ने भोजशाला के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए इसे राजा भोज द्वारा निर्मित माँ सरस्वती का मंदिर बताया और हिंदुओं के अधिकार की बात दोहराई।
*शांति और सद्भाव की अपील*
अपने ओजस्वी भाषण के साथ ही स्वामी जी ने समाज को शांति, संयम और लोकतांत्रिक मर्यादा का संदेश दिया। उन्होंने युवाओं से किसी भी प्रकार के उकसावे या अफवाह से दूर रहने और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की।
महत्वपूर्ण नियुक्तियाँ
कार्यक्रम के दौरान धार के समाजसेवी राजा भाऊ को ‘अंतर्राष्ट्रीय संत बौद्धिक मंच’ मध्य प्रदेश का कार्यवाहक अध्यक्ष नियुक्त किया गया।
*समापन*
लगभग दो लाख की जनमेदिनी के बीच आयोजित इस कार्यक्रम का संचालन निखिल जोशी और आभार प्रदर्शन सुमित चौधरी द्वारा किया गया।