पटवारी और आरआई को क्यों बचा रहे अधिकारी
रेवाँचल टाईम्स – लखनादौन तहसील की उपतहसील धूमा में राजस्व निरीक्षक और पटवारी ने लाभ और लापरवाही के चक्कर में स्वामित्व योजना को प्रभावित कर दिया है। जो स्थानीय लोगों के लिए भविष्य में प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना संपत्ति विवाद बनने जा रही है । लापरवाह पटवारी,आरआई की कि गई शिकायत पर राजस्व मंत्री कार्यालय ने संज्ञान लेकर नायब तहसीलदार धूमा को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं तो वहीं- मुख्यमंत्री व प्रमुख सचिव कार्यालय पर दोषी कर्मचारियों पर कार्रवाई करने के लिए लिखित शिकायत दी गई है। तो वही लखनादौन अनुविभागीय और तहसील कार्यालय लखनादौन के अधिकारी दोषी कर्मचारियों पर कार्रवाई करने के बजाय उन्हें बचाने में लगे ।
वर्ष 2022 से स्वामित्व योजना का कार्य जारी और आज भी है अधूरा
त्रुटि पूर्ण कार्य पर जवाब देही किसकी
मुख्यमंत्री,प्रमुख सचिव राजस्व कार्यालय में हुई शिकायत
पटवारी,आरआई और तहसीलदार के जवाब में विरोधाभास
भोपाल/सिवनी – प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना मध्यप्रदेश सरकार की महत्वपूर्ण योजना है।और मध्यप्रदेश सरकार ने योजना का शुभारंभ प्रदेश के राजस्व मंत्री के प्रभार जिले सिवनी से इसका शुभारंभ किया है।और सिवनी जिले में राजस्व के कुछ लापरवाह आरआई, पटवारी की वजह से सरकार की महत्वाकांक्षी योजना को नुक्सान पहुंचाया जा रहा है। वर्तमान की योजना में की जा रही लीपापोती से भविष्य में संपत्ति विवाद बनने की प्रबल संभावना बनी हुई है।
सिवनी जिले के लखनादौन तहसील अंतर्गत ग्राम धूमा में राजस्व निरीक्षक और पटवारी की गलती से प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना के कार्य में पिछले तीन सालों से लीपापोती की जा रही है। और दोषी कर्मचारियों पर कार्रवाई करने के बजाय जिम्मेदार अधिकारी दोषी कर्मचारियों की गलतीयो पर पर्दा डालने और उन्हें बचाने का काम कर रहे हैं। जिससे न केवल सरकार की महत्वपूर्ण योजना के शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न हो रही है। बल्कि मध्यप्रदेश सरकार के राजस्व मंत्री के प्रभार जिले में हो रही लापरवाही से विभाग और सरकार की महत्वपूर्ण योजना की किरकिरी हो रही है। जिससे प्रशासन पर सवालिया निशान उठ रहे हैं। और तो और विभाग के कर्मचारी और अधिकारियों की बातों में विरोधाभास से स्पष्ट है कि मामले में कुछ नहीं बड़ी गड़बड़ है। और अब आने वाले समय में ऐसा ना हो कि लापरवाह दोषी कर्मचारियों की गलती का खामियाजा बड़े अधिकारियों को भुगतना पड़े। वहीं प्राप्त जानकारी के मुताबिक पूरे मामले पर लापरवाह, दोषी राजस्व निरीक्षक ,पटवारी पर कार्रवाई करने के लिए मुख्यमंत्री कार्यालय और प्रमुख सचिव राजस्व कार्यालय पर शिकायत की गई है। वहीं पूरे मामले पर राजस्व मंत्री कार्यालय ने भी संज्ञान लेते हुए लखनादौन तहसील की उपतहसील धूमा की नायब तहसीलदार से आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
तो वहीं तहसील कार्यालय लखनादौन से ही मिली जानकारी के मुताबिक मामले पर कुछ सीनियर पटवारीयो से गुप्त तरीके से जांच कराई गई जिसमें स्वामित्व जैसे महत्वपूर्ण कार्य पर पटवारी ने ना जीटी (ग्राउंड टूथिंग) किया और ना ही नक्शा का मिलान किया था और पिछले एक साल से प्रशासन को गुमराह कर आरओआर किया जा रहा था। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ है कि पहाड़ चट्टान मद की भूमि पर भी आरओआर कर दिया गया। निजी भूमि में तो प्लांट बनकर आए ही थे। परंतु पटवारी ने भौगोलिक सत्यापन किए बगैर ही आरओआर कर दिया। लखनादौन तहसील के अधिकारी महत्वपूर्ण योजना के गंभीर मामले पर भी लापरवाहों को बचाने में लगे हुए हैं। तो वहीं सिवनी कलेक्टर कार्यालय में भी लिखित शिकायत दर्ज करा दी गई है। अब देखना होगा कि पूरे मामले पर लापरवाह और दोषी राजस्व निरीक्षक व पटवारी पर प्रशासनिक अधिकारी कार्रवाई करते हैं। या फिर चले आ रहे पिछले दो वर्षों की तरह ही उन लापरवाह और दोषी कर्मचारियों को बचाने की प्रक्रिया में स्वामित्व योजना में सुधार कार्य किये जाने की कहानी जारी रखी जाती है। वैसे इस पूरे मामले पर किसका क्या कहना है पढ़िए –
“स्वामित्व योजना में जो 40-50 खसरे हैं जिनमें दिक्कतें थी वो केश कलेक्टर मैडम के यहां चला गया है और
कुछ जो 40 से 50 प्लांट है वह स्वामित्व योजना से बाहर हो रहे हैं उन प्लाटों की भूमि के मद को आबादी भूमि में परिवर्तन करना है।
निजी भूमि में भी स्वामित्व के प्लांट बनकर आ गये हैं । मैं अभी आया हूं मुझे दो-तीन महीने हुआ है
” विपिन यादव पटवारी धूमा
“स्वामित्व में अभी एक अभिलेख दुरुस्ती के प्रकरण की फाइल गई है,कलेक्टर महोदय को.. कलेक्टर महोदय के यहां से जब फाइल वापस होगी तभी आगे काम हो पाएगा। त्रुटि की जहां तक बात है तो पहले जमीन जिस मद में होना चाहिए पहले उस मद में तो हो वह जमीन ” हीरालाल धुर्वे आरआई धूमा
” धूमा में ऐसा है,कि आरओआर एंट्री होनी है उसमें तकरीबन पच्चीसक लोग बचे हुए हैं।वह लोग बाहर चले गए हैं तो उनके डॉक्यूमेंट मिल नहीं पा रहे हैं। इस वजह से कार्य रुका हुआ है। और जल्द ही काम पूरा हो जाएगा।” दिग्विजय परस्ते तहसीलदार लखनादौन
“राहुल राजपूत पटवारी के कार्यकाल में स्वामित्व योजना का कार्य शुरू हुआ था और काम कुछ भी नहीं हुआ है और यही कारण है कि स्वामित्व योजना के प्रमाण पत्र नहीं बट पाए हैं। पटवारी से ऊपर आरआई , नायब तहसीलदार,तहसीलदार, एसडीएम और कलेक्टर है। पर परीक्षण तो सबको करना था। समीक्षा की ही नहीं गई है। इसमें राजस्व विभाग की बड़ी गलती है। राजस्व विभाग की अलाली और संवेदनहीनता के कारण कार्य रूका हुआ है।और यह गलत हो रहा है।”
सतीश पाराशर- भाजपा मंडल अध्यक्ष धूमा सिवनी
” मध्यप्रदेश सरकार की महत्वपूर्ण योजना को प्रशासनिक अधिकारी गंभीरता से नहीं ले रहे हैं।पटवारी के द्वारा नियम विरुद्ध तरीके से पद का दुरुपयोग किया गया है और योजना को प्रभावित किया गया है। जनवरी महीने में भी मामले में एसडीएम साहब ने जांच के आदेश दिए थे और स्थिति आज भी जस की तस बनी हुई है। मेरे द्वारा शासन को शिकायत भी की गई है।जिला प्रशासन को लापरवाहों पर कार्रवाई करनी चाहिए।”
नेमसिंह परते- पूर्व जिला पंचायत सदस्य क्षेत्र क्रमांक 14 धूमा एवं भाजपा मंडल उपाध्यक्ष नागनदेवरी