सेना दिवस के उपलक्ष्य में पूर्व सैनिकों ने निकाली भव्य रैली, आयोजित हुआ सांस्कृतिक कार्यक्रम
रेवांचल टाइम्स मंडला, 15 जनवरी सेना दिवस के पावन अवसर पर जिले के भूतपूर्व सैनिकों द्वारा एक भव्य रैली का आयोजन किया गया। इस रैली का उद्देश्य देश की रक्षा में अपने प्राण न्योछावर करने वाले वीर सैनिकों के सम्मान के साथ-साथ युवाओं में देशभक्ति की भावना को जागृत करना रहा। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पूर्व सैनिकों, सामाजिक संगठनों के सदस्यों एवं नागरिकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
रैली की शुरुआत मंडला के नेहरू स्मारक चौक से हुई। देशभक्ति नारों और तिरंगे के साथ निकली यह रैली डॉ. भीमराव अंबेडकर चौक, चिलमन चौक, बस स्टैंड, बैगा-बैगी चौक सहित नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए पुनः नेहरू स्मारक चौक पर संपन्न हुई। रैली के दौरान पूर्व सैनिकों ने अनुशासन और एकजुटता का परिचय देते हुए लोगों को सेना दिवस के महत्व से अवगत कराया। नागरिकों ने भी रैली का स्वागत कर पूर्व सैनिकों के प्रति सम्मान प्रकट किया।
रैली के समापन के पश्चात राय जिला पंचायत अध्यक्ष, मंडला के आवासीय परिसर में एक मंचीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पूर्व सैनिकों के साथ-साथ पतंजलि योगपीठ समिति के सदस्य एवं आम नागरिक भी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य मनोरंजन के साथ-साथ आपसी मेलजोल और सम्मान की भावना को और अधिक सुदृढ़ करना रहा।
मंचीय कार्यक्रम में मंडला के प्रसिद्ध जादूगर फारूक द्वारा जादू का आकर्षक प्रदर्शन प्रस्तुत किया गया। उनके जादुई करतबों ने उपस्थित दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। जादू के रोमांचक प्रयोगों को देखकर दर्शक गण आश्चर्यचकित रह गए और तालियों की गड़गड़ाहट के साथ जादूगर फारूक की जमकर सराहना की। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने कार्यक्रम का भरपूर आनंद लिया।
इस अवसर पर पूर्व सैनिकों ने सेना दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय सेना देश की शान है और सैनिकों का बलिदान कभी भुलाया नहीं जा सकता। उन्होंने युवाओं से अनुशासन, देशप्रेम और सेवा की भावना अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम में उपस्थित वक्ताओं ने भी पूर्व सैनिकों के योगदान को नमन करते हुए उनके अनुभवों से सीख लेने की बात कही।
कार्यक्रम में जिले के लगभग सैकड़ों पूर्व सैनिक एवं पतंजलि योगपीठ समिति के सदस्य मौजूद रहे। सभी ने मिलकर सेना दिवस को गर्व, सम्मान और उत्साह के साथ मनाया। आयोजन ने न केवल पूर्व सैनिकों को एक मंच पर एकत्र किया, बल्कि समाज में राष्ट्रभक्ति और एकता का संदेश भी दिया।