चर्चा में वन विभाग के मवई रेंजर….?
इनके कार्यकाल की कब होगी जांच पड़ताल, भ्रष्टाचार की आशंका,बेहोशी में जवाबदार

रेवांचल टाईम्स – मंडला जिले में भ्रष्टाचार और भ्रष्ट अधिकारी मौज में है भ्रष्टाचार चरम सीमा पर पहुंच गया है इसके बावजूद शासन प्रशासन की बेहोशी आखिरकार क्यों नहीं टूट पा रही है यह विशेष चर्चा का विषय हो गया है, मध्य प्रदेश का आदिवासी बाहुल्य मंडला जिला भ्रष्ट अफसर के लिए चारागाह बन गया है इस जिले में भ्रष्ट अफसर को इसलिए तैनात किया जाता है ताकि अच्छी खासी कमाई हो और हिस्सा सबको मिल सके यह हाल है मध्य प्रदेश के मंडला जिले के जहां पर सिर्फ और सिर्फ भ्रष्टाचार ही किया जा रहा है और विकास के नाम पर सरकारी धन की होली खेली जा रही है सभी जवाबदार मूकदर्शक बनकर तमाशा देख रहे हैं और सरकारी योजनाओं में सिर्फ धांधली हो रही है आखिर यह सब कुछ कब तक चलता रहेगा नागरिक सवाल कर रहे हैं..?
इस बार मामला वन विभाग का है मंडला जिले के विकासखंड मवई में पदस्थ वन परिक्षेत्र अधिकारी ने खुलेआम भ्रष्टाचार किया है जिसकी जांच जरूरी हो गई है लोग चाह रहे हैं कि इस विषय पर उच्च जांच की जाए तो कई बड़े खुलासे हो सकते हैं।
मध्य प्रदेश के मंडला जिले के विकासखंड मवई के पूर्व सामान्य वन मंडल मवई मैं पदस्थ वन परिक्षेत्र अधिकारी जिनके स्थानांतरण की भी खबर मिल रही है वे इस समय काफी चर्चा में है इनके बारे में जानकारी मिली है कि पूरा जंगल राज इन्होंने वन परिक्षेत्र में स्थापित किया हुआ है यहां जंगल के अंदर जो कुछ भी होता है उसे रफा दफा करने में यह काफी माहिर बताये जा रहे हैं चर्चा चल रही है कि जंगल के अंदर की रेत का परिवहन करने वालों से यह अच्छी खासी रकम लेते रहे हैं इस काम में इन्होंने भारी भरकम कमाई की है इनके बारे में चर्चा यह भी चल रही है कि इनके द्वारा जंगल के अंदर चाहे वह रेत हो चाहे अन्य खनिज सामग्री हो चाहे वह जंगल की लकड़ी हो या जंगल के अंदर की जो भी सामग्री को यदि यह पकड़ लेते हैं तो अच्छी मोटी रकम इनके द्वारा लेने लेने की खबर मिली है बताया जा रहा है कि ट्रैक्टरों के माध्यम से यहां पर जंगल के अंदर से रेत व अन्य खनिज सामग्री एवं वन सामग्री का परिवहन किया जाता है इसके अलावा जंगल से लकड़ी की सप्लाई भी इन्हीं के संरक्षण में की गई है इस काम में यह खूब सारा पैसा कमा चुके हैं इनके संबंध में चर्चा यह भी चल रही है कि जब से यह पदस्थ हुए हैं तब से लेकर जितने भी कार्य इस क्षेत्र में कराए गए हैं उनमें खुलेआम धांधली की गई है वर्तमान वन परिक्षेत्र अधिकारी के कार्यकाल की यदि जांच की जाए तो कई बड़े खुलासे सामने आ सकते हैं नागरिकों की मांग है कि वन परिक्षेत्र अधिकारी जब से यहां पर पदस्थ हुए हैं तब से लेकर अभी तक की जितने भी काम हुए हैं उनमें भारी गड़बड़ी की गई है नागरिकों की मांग है कि उन सभी कामों की जांच पड़ताल की जाए और सच्चाई जनता के सामने लाई जाए
चर्चा यह भी चल रही है कि वन परिक्षेत्र अधिकारी यह कहते हुए मिलते हैं कि कोई भी शिकायत कर दो चाहे अखबारों में समाचार प्रकाशित कर दो कोई मेरा कुछ नहीं बिगाड़ सकता है मेरी पहुंच ऊपर तक है जिसको जो करना है कर सकते हो ऐसी चुनौती वन परिक्षेत्र अधिकारी द्वारा मीडिया कर्मियों को दी जाती है और यह बात सच भी साबित हो रही है जब से यहां पर पदस्थ हुए हैं जब से लेकर सिर्फ यहां पर गड़बड़ी कर रहे हैं और कोई इनके खिलाफ जांच पड़ताल करने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा है शासन प्रशासन द्वारा उनके कामों की जांच पड़ताल नहीं कराई जा रही है इनके द्वारा की गई अवैध कमाई की जांच पड़ताल की जाए तो सच्चाई सामने आ सकती है।
वही क्षेत्रों में चर्चा चल रही है कि उनके द्वारा भारी अवैध कमाई की गई है खूब सारा धन अवैध तरीके से कमाया गया है और सरकारी धन की होली इनके द्वारा खेली गई है, यह बात जांच पड़ताल में उजागर हो सकती है जन अपेक्षा है सरकार जांच करावे वन परिक्षेत्र अधिकारी के खिलाफ दंडात्मक कार्यवाही करें ऐसी जन मांग है