बीजाडांडी में माँ दुर्गा की प्रतिमाओं का भव्य विसर्जन

महाकाली समिति, सार्वजनिक दुर्गा उत्सव समिति और अन्य समितियों की अनोखी प्रस्तुति
भव्य भंडारा और हजारों श्रद्धालुओं की मौजूदगी से अविस्मरणीय बना आयोजन
रेवांचल टाइम्स बीजाडांडी मंडला नवरात्रि का समापन इस वर्ष बीजाडांडी नगर में इतिहास रच गया। माँ दुर्गा की प्रतिमाओं का विसर्जन इतनी भव्यता और आस्था के साथ हुआ कि न केवल नगरवासी बल्कि पूरे बीजाडांडी विकासखंड के गाँवों से आए हजारों श्रद्धालु भावविभोर हो गए।इस वर्ष का आयोजन केवल एक-दो समितियों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि नगर की लगभग सभी समितियों ने अपनी पूरी लगन और भक्ति भाव से इसमें भागीदारी की।
• शिवा महाकाली दुर्गा उत्सव समिति ने अपने भव्य झांकी और बस स्टैंड व दुकानों के सामने आयोजित विशाल भंडारे से आयोजन को एक अलग ऊँचाई दी। हजारों श्रद्धालु इस भंडारे में शामिल हुए और समिति के सेवा भाव की जमकर प्रशंसा की।
• सार्वजनिक दुर्गा उत्सव समितियो ने वर्षों से चली आ रही अपनी भव्य परंपरा को कायम रखते हुए माँ दुर्गा की प्रतिमा को रथ पर विराजमान कर नगर भ्रमण कराया। सजावट, अनुशासन और शानदार प्रस्तुति ने लोगों का दिल जीत लिया।इसके अलावा नगर की अन्य समितियाँ – मोहल्ला स्तर से लेकर युवाओं द्वारा बनाई गई सांस्कृतिक समितियाँ – सभी ने ढोल-ताशों, DJ की धुन और आकर्षक झांकियों से शोभायात्रा को और भव्य रूप दिया।हर समिति ने अपनी-अपनी शैली से माँ को विदाई दी, जिससे पूरा बीजाडांडी भक्तिरस में सराबोर हो गया।विसर्जन यात्रा और भक्ति का माहौल नगर की गलियों से गुजरती शोभायात्रा जब नदी तट पहुँची, तो “जय माता दी” के गगनभेदी जयकारों से वातावरण गूंज उठा। वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक विधि-विधान के साथ माँ दुर्गा की प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया।श्रद्धालु नाचते-गाते, ढोल-नगाड़ों और DJ की थाप पर झूमते हुए माँ की विदाई में शामिल हुए। यह दृश्य इतना भव्य और अनुशासित रहा कि देखने वालों की आँखों में आस्था और गर्व दोनों झलकते रहे।बाहर से आए श्रद्धालु इस आयोजन की खासियत यह रही कि केवल नगर ही नहीं, बल्कि बीजाडांडी विकासखंड के सभी गाँवों से हजारों श्रद्धालु यहाँ पहुंचे। ग्रामीणों ने विसर्जन यात्रा और भंडारे में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। बाहर से आए श्रद्धालुओं ने कहा कि बीजाडांडी का दुर्गा उत्सव अब पूरे क्षेत्र की पहचान और आस्था का केंद्र बन गया है।
प्रशासन और पुलिस की सराहनीय भूमिका
इतने बड़े आयोजन में पुलिस प्रशासन का योगदान भी उल्लेखनीय रहा। सुरक्षा, यातायात और व्यवस्था की तैयारियाँ इतनी सुदृढ़ रहीं कि श्रद्धालु पूरे कार्यक्रम का आनंद बिना किसी असुविधा के ले सके।समितियों और ग्रामीणों ने पुलिस विभाग की मुस्तैदी की खुलकर सराहना की और कहा कि प्रशासन के सहयोग से ही यह आयोजन इतने शांतिपूर्ण और गरिमामय तरीके से सम्पन्न हुआ।