फॉलोअर्स बढ़ाने के चक्कर में सलाखों के पीछे पहुँचा ‘रीलर’; बच्चा चोरी की अफवाह फैलाना पड़ा भारी
रेवांचल टाइम्स छिंदवाड़ा
जितेन्द्र अलबेला
सोशल मीडिया पर सस्ती लोकप्रियता और फॉलोअर्स बढ़ाने की चाहत में युवक ने कानून के साथ खिलवाड़ किया, जिसका अंजाम अब उसे जेल की सलाखों के पीछे भुगतना पड़ रहा है।
कुंडीपुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम वनगांव निवासी एक युवक को सोशल मीडिया पर ‘बच्चा चोरी गिरोह’ की झूठी रील और भ्रामक जानकारी फैलाने के आरोप में पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
क्या है पूरा मामला
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम वनगांव निवासी पारस पिता द्वारका इवनाती अपनी इंस्टाग्राम आईडी पारस. 010 के माध्यम से क्षेत्र में बच्चा चोरी गिरोह के सक्रिय होने की फर्जी रील बनाकर वायरल कर रहा था। आरोपी को रील बनाने और उसे सोशल मीडिया पर शेयर करने का चस्का था। उसने केवल अपने फॉलोअर्स बढ़ाने के उद्देश्य से क्षेत्र में दहशत फैलाने वाली भ्रामक पोस्ट डाली, जिससे शांति व्यवस्था भंग होने का खतरा पैदा हो गया था।
पुलिस की सख्त कार्यवाही
जैसे ही यह भ्रामक पोस्ट साइबर सेल और कुंडीपुरा पुलिस की नजर में आई, पुलिस ने तत्काल एक्शन लिया। आरोपी पारस इवनाती को गिरफ्तार कर तहसील न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उसे जिला जेल छिंदवाड़ा भेज दिया गया है।
आम जनता से अपील
छिंदवाड़ा पुलिस ने आम जनमानस से अपील की है कि
सोशल मीडिया पर बिना पुष्टि के कोई भी भ्रामक जानकारी साझा न करें।
बच्चा चोरी जैसी अफवाहों पर ध्यान न दें और न ही उन पर कोई टिप्पणी करें।
भ्रामक पोस्ट को शेयर करना भी अपराध की श्रेणी में आता है।
इनकी रही मुख्य भूमिका
इस कार्यवाही में थाना प्रभारी महेंद्र भगत, चौकी प्रभारी अविनाश पारधी, प्रधान आरक्षक विजय पाल, आरक्षक चंद्रकुमार दाहिया, आरक्षक आदित्य रघुवंशी, प्रधान आरक्षक नितिन सिंह और साइबर सेल छिंदवाड़ा की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
सावधान सोशल मीडिया पर आपकी एक ‘गलत पोस्ट’ आपको जेल की हवा खिला सकती है। जिम्मेदार नागरिक बनें, अफवाहों से बचें।