सेन समाज से भाजपा नेता भोला सेन हर जिम्मेदारी निभाने को तैयार
दैनिक रेवांचल टाईम्स – भोपाल। प्रदेश में सेन समाज के सक्रिय और प्रभावशाली नेताओं में जिला बड़वानी के भाजपा नेता भोला सेन का नाम प्रमुखता से लिया जाता है। वे वर्तमान में भारतीय सेन समाज के राष्ट्रीय युवा अध्यक्ष एवं कर्पूरी ठाकुर विचार मंच (ओबीसी संगठन) के राष्ट्रीय युवा अध्यक्ष के रूप में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
भोला सेन लंबे समय से समाज सेवा और भाजपा संगठन में सक्रिय रहकर जनहित के कार्यों में जुटे हुए हैं। उनकी सेवा भावी कार्यशैली और समर्पण ने उन्हें समाज में एक अलग पहचान दिलाई है। उन्हें समाज व राजनीति में कार्य करने की प्रेरणा उनके पिता स्वर्गीय नंद किशोर सेन से मिली, जो मीसाबंदी रहे हैं।
संघ की विचारधारा से अपने सार्वजनिक जीवन की शुरुआत करने वाले भोला सेन ने संगठन में विभिन्न दायित्वों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया है। अपने गृह जिले बड़वानी में भाजपा पदाधिकारी के रूप में उन्होंने निरंतर जनसेवा की है। उन्हें केश शिल्पी बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष स्वर्गीय नंद किशोर वर्मा के मार्गदर्शन में लंबे समय तक कार्य करने का अवसर मिला, जिससे उनके नेतृत्व कौशल और सामाजिक पकड़ को और मजबूती मिली।
भोला सेन को स्व. नंद किशोर वर्मा का बेहद करीबी माना जाता रहा है। उनके कार्यकाल के दौरान केश शिल्पी बोर्ड की विभिन्न योजनाओं का लाभ समाज तक पहुंचाने में भी भोला सेन की महत्वपूर्ण भूमिका रही है, जिसकी सराहना समाज में व्यापक रूप से होती रही है।
अपनी ईमानदार, स्वच्छ और मिलनसार छवि के कारण भोला सेन समाज में अत्यंत लोकप्रिय हैं। उन्हें विभिन्न सामाजिक मंचों पर सम्मान प्राप्त होता रहा है और समाज के लोग उन पर गहरा विश्वास रखते हैं। उनके समर्थकों का मानना है कि भोला सेन समाज के हितों को लेकर हमेशा चिंतित रहते हैं और समाज को राजनीतिक व आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
स्व. नंद किशोर वर्मा के निधन के बाद से केश शिल्पी बोर्ड में सेन समाज का प्रतिनिधित्व कम हो गया है, जिसे समाज के लोग एक बड़ी कमी मानते हैं। ऐसे में अब समाज की उम्मीदें भोला सेन पर टिकी हुई हैं।
समाज के लोगों का मानना है कि भोला सेन के पास किसी भी बड़े दायित्व को निभाने की पूरी क्षमता है। उनके साथ एक मजबूत और विश्वसनीय टीम भी है, जो हर कार्य को समय पर और प्रभावी ढंग से पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध रहती है।
इन्हीं कारणों से यह कहा जा रहा है कि चाहे केश शिल्पी बोर्ड हो या शासन का कोई अन्य महत्वपूर्ण विभाग—भोला सेन हर जिम्मेदारी को निभाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।