रज़ा स्मृति में हुई भरतनाट्यम और ओडिसी नृत्य की अनोखी जुगलबंदी

61

रेवाँचल टाईम्स- मंडला, सोमवार की शाम रज़ा स्मृति 2025 की सांस्कृतिक संध्या के तहत रानी दुर्गावती महाविद्यालय के सभागार में प्रसिद्ध भरतनाट्यम नृत्यांगना आरोही मुंशी व प्रसिद्ध ओडिसी नृत्यांगना अरुणिमा घोष अपनी भारतीय शास्त्रीय नृत्य कला का प्रदर्शन किया गया। इस युगल प्रस्तुति का आरम्भ आदि शंकराचार्य रचित नर्मदाष्टकम् से हुआ। इसके बाद दोनों नृत्यांगनाओ द्वारा ‘स्वस्ति’ की प्रस्तुत दी गई जो स्वर्गीय सैयद हैदर रज़ा की 2016 में बनायी गयी चित्रकृति ‘स्वस्ति’ पर आधारित नृत्यरचना थी। यह एक महान कलाकार को नृत्य-प्रणति थी। इसके लिए विशेष संगीत रचना सुधा रघुरमन ने की थी जिसमें राग जोग, वृन्दावनी सारंग और शुद्ध सारंग का आधार लिया और स्वस्ति-मंगल को व्यक्त किया गया। इसके बाद स्वर पल्लवी की प्रस्तुति हुई जिसमें लय के कई रूपाकार और ज्यामिति का प्रयोग होगा जिसके संगीत की रचना सुधा रघुरमन ने की। पल्लवी अगली प्रस्तुति ओड़िसी शैली में हुई। राग पूर्वी और एकताली में निवद्ध इसकी संगीत रचना भी सुधा रघुरमन की। भरतनाट्यम में एक प्रसूति पदम कृष्णा नी बेगानी बारों है, जिसमें कृष्ण को जल्दी आने के लिए कहा जा रहा था। इस कार्यक्रम में नृत्यांगना अरूणिमा घोष और आरूषि मुन्शी ने भारत नाट्यम एवं ओडिशी नृत्य शैली में मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किये। दोनों नृत्यांगनाओं ने दोनों शैलियों का अद्भुत संगम अपने नृत्य कौशल से स्टेज पर दिखाया। इस आयोजन में रज़ा फाउंडेशन के प्रबंध न्यासी अशोक बाजपाई, कलेक्टर सोमेश मिश्रा, पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा, सीईओ जिला पंचायत श्रेयांस कूमट के साथ – साथ रज़ा स्मृति में आए सभी कलाकार, कवि और स्थानीय कलाप्रेमी उपस्थित थे।

Leave A Reply

Your email address will not be published.