ग्राम पंचायत चाबी में “स्वस्थ नारी–सशक्त परिवार” कार्यक्रम का आयोजन

रेवांचल टाइम्स मंडला ग्राम पंचायत चाबी में सोमवार को “स्वस्थ नारी–सशक्त परिवार” कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिलाओं के स्वास्थ्य, पोषण और उनकी सामाजिक भागीदारी को बढ़ावा देना था। कार्यक्रम में ग्रामवासियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और महिलाओं की भूमिका को परिवार व समाज की रीढ़ बताया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत चाबी के मंच पर कई गणमान्य अतिथिगण उपस्थित रहे। इनमें पूर्व मंडल अध्यक्ष रूपेंद्र खड़गरे, किसान मोर्चा अध्यक्ष गोवर्धन यादव, भाजपा मंडल उपाध्यक्ष रोहित परमार, डॉ. प्रसून झा तथा सचिव कृष्ण कुमार नंदा विशेष रूप से शामिल हुए। इनके साथ-साथ बड़ी संख्या में ग्रामीण, महिलाएँ, युवा और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।अतिथियों ने कहा कि यदि नारी स्वस्थ है तो परिवार और समाज स्वतः ही सशक्त होगा। आज के समय में महिलाओं के स्वास्थ्य पर ध्यान देना और उन्हें शिक्षा व जागरूकता से जोड़ना अत्यंत आवश्यक है।कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने महिलाओं से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं और उनके समाधान पर चर्चा की। गर्भवती महिलाओं के लिए समय-समय पर स्वास्थ्य परीक्षण, एनीमिया की रोकथाम, पोषक आहार, स्वच्छता और मानसिक स्वास्थ्य जैसे विषयों को प्रमुखता दी गई।इस कार्यक्रम में गाँव की महिलाओं की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। कई महिलाओं ने अपने अनुभव साझा किए कि किस तरह स्वास्थ्य संबंधी जानकारी के अभाव में उन्हें कठिनाइयों का सामना करना पड़ा और अब सरकारी योजनाओं व जागरूकता शिविरों के चलते हालात बदल रहे हैं।ग्राम पंचायत चाबी के ग्रामीणों ने भी कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुरुषों ने महिलाओं के स्वास्थ्य के महत्व को स्वीकार किया और संकल्प लिया कि वे परिवार की महिलाओं को समय पर स्वास्थ्य परीक्षण और उपचार के लिए प्रेरित करेंगे।
पूर्व मंडल अध्यक्ष रूपेंद्र खड़गरे ने कहा कि ग्रामीण महिलाओं से आग्रह किया कि वे अपने स्वास्थ्य को लेकर संकोच न करें और छोटी से छोटी समस्या पर भी डॉक्टर से परामर्श लें
भाजपा मंडल उपाध्यक्ष रोहित परमार ने कहा कि “ग्राम पंचायत चाबी जैसे छोटे गाँव में ऐसे कार्यक्रम होना यह दर्शाता है कि बदलाव की शुरुआत जड़ों से हो रही है। जब गाँव जागरूक होंगे तभी देश जागरूक होगा।”
डॉ. प्रसून झा ने कहा कि “महिलाओं को अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहना चाहिए, क्योंकि एक स्वस्थ माँ ही आने वाली पीढ़ी को मजबूत और स्वस्थ बना सकती है।” उन्होंने ग्रामीण महिलाओं को संतुलित आहार, हरी सब्ज़ियों, दालों और दूध को रोज़ाना के भोजन में शामिल करने की सलाह दी।सभी वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि “स्वस्थ नारी ही सशक्त परिवार और सशक्त भारत की नींव है।” ग्रामवासियों का उत्साह ग्रामवासियों ने इस आयोजन को अत्यंत उपयोगी बताया और कहा कि ऐसे कार्यक्रम से उन्हें सही जानकारी और मार्गदर्शन मिलता है। महिलाओं ने विशेष रूप से कहा कि वे अब अपने बच्चों के स्वास्थ्य के साथ-साथ स्वयं के स्वास्थ्य पर भी ध्यान देंगी।