छात्रावास की छात्राओं ने शिक्षका के विरोध में किया हल्ला बोल अधीक्षक हटाओ

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छात्रावास में अव्यवस्थाओं का आरोप, अधीक्षिका पर गंभीर शिकायत

गोंडवाना छात्र संघ ने कलेक्टर सहित उच्चाधिकारियों से की कार्रवाई की मांग

रेवांचल टाईम्स – मंडला। गोंडवाना स्टूडेंट्स यूनियन जिला मंडला द्वारा आज सुबह 11 बजे से मंडला मुख्यालय पहुँच कर सहायक आयुक्त कार्यालय में हल्ला बोल दिया जहाँ पर जमके हाथों में झंडे लेकर नारेबाजी की गई और छात्रावास अधीक्षिका हटाओ के नारे लगाये
वही सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार शासकीय कन्या छात्रावास मंडला की अधीक्षिका श्रीमती सिधिया चौकसे के विरुद्ध गंभीर शिकायत दर्ज कराते हुए प्रशासन से तत्काल छात्रावास से हटाते हुए कार्रवाई की मांग की गई है। छात्र संघ द्वारा पहले ही कलेक्टर से लेकर सहायक आयुक कार्यालय में अधीक्षिका को हटाने को लेकर लिखित आवेदन दिये जा चुके बावजूद इसके आज दिनांक का अधीक्षिका के ख़िलाफ़ कोई कार्यवाही न होने से आक्रोशित छात्राए ने सहायक आयुक्त कार्यालय में सुबह से दर्जनों की संख्या में और हाथों में झंडे धरे हुए मांग की अधीक्षिका को हटाओ जल्द हटाओ वही छात्राओं की मांग है कि छात्रावास अधीक्षिका आये दिन जाति सूचक को लेकर आये दिन गाली गलोच करती है साथ ही बच्चों को पढ़ाने की कोशिश नही करती हैं जिस कारण छात्रावास की व्यवस्थाओं को पूरी तरह अव्यवस्थित बताया गया है, जिससे छात्राओं की शिक्षा, सुरक्षा और मानसिक स्थिति पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है।

शिकायत पत्र में उल्लेख है कि शैक्षणिक सत्र 2023–24 एवं 2024–25 के दौरान छात्राओं द्वारा लगातार मौखिक एवं लिखित शिकायतें की गईं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। आरोप है कि अधीक्षिका द्वारा छात्राओं को उनकी मातृभाषा हिंदी की पढ़ाई से वंचित किया जा रहा है तथा विषय विशेषज्ञ शिक्षक की व्यवस्था न होने से छात्राएं एक वर्ष से पढ़ाई नहीं कर पा रही हैं।

छात्र संघ के अनुसार, आए दिन छात्रावास परिसर में असामाजिक तत्वों का प्रवेश हो रहा है, जिससे गाली-गलौज, गंदा माहौल और भय की स्थिति बनी रहती है। छात्राओं ने कई बार इसकी जानकारी प्रशासन को दी, पर किसी विभाग ने अब तक गंभीरता नहीं दिखाई।

दस्तावेज़ों में यह भी उल्लेख है कि अधीक्षिका की उपस्थिति महज 1 से 1.5 घंटे प्रतिदिन ही रहती है। शाला प्रबंधन के आदेश अनुसार छात्रावास सुबह 12 बजे खुलता है और 1 से 1.5 बजे बंद कर दिया जाता है, जिससे छात्राओं को आवश्यक सहायता एवं मार्गदर्शन नहीं मिल पा रहा।

छात्र संघ ने यह आरोप भी लगाया है कि अधीक्षिका द्वारा छात्राओं के सामने अपमानजनक भाषा, गाली-गलौज एवं धमकी भरा व्यवहार किया जाता है, जिससे छात्राएं मानसिक रूप से भयभीत रहती हैं। यह आचरण न केवल सेवा नियमों के विरुद्ध है बल्कि छात्राओं की गरिमा के भी खिलाफ है।

संघ ने याद दिलाया कि इससे पूर्व छात्र आंदोलन के बाद सुश्री शिखा चौकसे को अधीक्षिका पद से हटाया जा चुका है, बावजूद इसके व्यवस्थाओं में कोई सुधार नहीं हुआ है।

छात्र संघ ने मांग की है कि वर्तमान में छात्रावास क्रमांक-02 की अधीक्षिका श्रीमती प्रतिभा मरावी के खिलाफ कोई भी शिकायत नहीं है, जिनके कार्य व्यवहार से छात्राएं संतुष्ट हैं, अतः उन्हें ही अधीक्षिका पद पर स्थायी रूप से बनाए रखा जाए।

साथ ही अधीक्षिका श्रीमती सिधिया चौकसे की शह सेअसामाजिक तत्वो के द्वारा बाउंड्रीबाल से उत्पाद किया जाता हैं जिस कारण से हमे बहुत तकलीफ़ होती है जिला प्रशासन तत्काल जांच बैठाते हुए न्यायसंगत एवं कड़ी कार्रवाई की जाए अथवा उन्हें इस विद्यालय से स्थानांतरित कर अन्य जिले में पदस्थ किया जाए, ताकि छात्रावास में शैक्षणिक एवं प्रशासनिक वातावरण सुधर सके।

गोंडवाना स्टूडेंट्स यूनियन जिला मंडला ने इस पूरे प्रकरण की शिकायत मुख्यमंत्री, कलेक्टर मंडला, संभागायुक्त जबलपुर, महिला एवं बाल विकास विभाग सहित अन्य उच्च अधिकारियों तक प्रेषित कर शीघ्र निर्णय लेने की मांग की है।

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