उदयपुर के जंगलो में करोड़ो का जुंआ फड़ संचालित जिम्मेदारो की मौन सहमति से

रेवांचल टाइम्स – मंडला जिले के विकास खण्ड बीजाडांडी में फिर शुरू हुआ जुआ फड़ का खूनी खेल के पहले भी जुआ के फड़ में हो चुकी है हत्या वावजूद फिर शुरू हुआ बीजाडांडी के उदयपुर और उसके आसपास में जमने लगे है फड़ पहुँच रहे बड़े बड़े खिलाड़ी दूर दूर से लग रहे है लाखों रुपये के लग रहे दाव
वही मंडला जिला में माँ नर्मदा और कान्हा नेशनल पार्क के साथ साथ जुआ फडों के नाम से भी मशहूर है ! इस जिले के नैनपुर बिछियां निवास सहित बीजाडांडी उदयपुर में बड़े बड़े फड़ लगाए जा रहे है और मीडिया की खबरे प्रकाशन के बाद समय समय में दबाव के चलते स्थानीय पुलिस प्रशासन के द्वारा छोटी मोटी कार्यवाही कर अपनी मौजूदगी दर्ज कराती रही है बाकी समय निजी स्वार्थों और राजनीतिक रसूखदारों के संरक्षण में अबैध गतिविधियाँ संचालित हो रही है जहाँ एक तरफ अबैध गतिविधियों पर रोक लगाने पुलिस कप्तान समय समय आदेश जारी करते है और उन आदेशों को उनके अधीनस्त थाना प्रभारी और चौकी प्रभारी क्षणिक ही याद रखते है और फिर सट्टा जुंआ फड़ अबैध रेत अबैध शराब में पैसा के लेन-देन में सरेआम खूनी खेल खेला गया ! वही बीजाडांडी में जुंआ फड़ के संचालन से फिर एक बड़ी घटना दावत दी है ! वही सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार थाना बीजाडांडी अंतर्गत ग्राम उदयपुर में कुछ निजी मकानों के साथ साथ जंगलो में स्थान परिवर्तन कर अपनी सुरक्षा के चलते करोड़ो का जुंआ फड़ संचालित है ! वही बताया गया की फड़ का संचालन ठिकाना बदल बदल कर किया जाता है ! रोजाना लाखों करोड़ो का दांव लगाए जा रहे है ! जिसमे नाल बाज हजारों की नाल काटी जाती है ! और जुंआ प्रेमी बहुत दूर-दूर से आते है ! शाम से ही जुंआ फड़ की रूपरेखा तैयार की जाती है ! कस्बों शहरों और अन्य जिलों से आये खिलाड़ियों को एक ठिकाने पर एकत्र किया जाता है! शाम ढलते ही खिलाड़ियों को संचलनकर्ता द्वारा लगाई गई गाडी से फड़ तक पहुंचाया जाता है! फिर अपनी किस्मत अजमाने का खेल चलता है।