बारात में मातम: मंडला में ट्रैक्टर से टकराई बस, किशोर की मौत, कई घायल
मंडला ज़िले के निवास-जबलपुर मार्ग पर सोमवार की शाम बैगा समाज के लिए एक काला दिन साबित हुआ। उत्सव और उल्लास से भरी बारात की बस एक खड़े ट्रैक्टर से टकराकर खेत में जा पलटी। एक 16 वर्षीय किशोर की मौत हो गई, और बारह लोग घायल हुए, जिनमें सात की हालत गंभीर बताई जा रही है। हादसे की भयावहता सिर्फ टक्कर में नहीं, बल्कि उस अव्यवस्था में छिपी है, जो वर्षों से हमारे ग्रामीण सड़कों की नियति बन चुकी है।
डिंडोरी ज़िले के बिछिया गांव से लगभग 40 बाराती बैगा समाज के उदयपुर गांव में आयोजित ‘चौथ बारात’ के समारोह में शामिल होने निकले थे। ग्वारा गांव के पास सड़क किनारे ईंटें उतार रहे एक ट्रैक्टर से बस की टक्कर हो गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस सीधे सड़क से उतरकर लगभग 100 मीटर दूर खेत में जा घुसी। इस टक्कर में ट्रैक्टर से ईंटें उतार रहा 16 वर्षीय दिनेश वरकड़े मौके पर ही मौत का शिकार हो गया।
हादसे में घायल हुए 12 लोगों को प्राथमिक इलाज के लिए निवास सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से सात की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। इनमें हिमांशु मरावी, चंदन धुर्वे, रामचरण और चार अन्य शामिल हैं। अन्य घायलों में गीता धुर्वे, अंजलि सिंह, स्वरूपी बाई, संदीप कुमार मार्को और नंदनी बाई का उपचार निवास में जारी है।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन हरकत में आया। नायब तहसीलदार आलोक सोनी, थाना प्रभारी वर्षा पटेल और भाजपा मंडल अध्यक्ष आकाश पांडे मौके पर पहुंचे और घायलों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। यह प्रशासनिक तत्परता सराहनीय है, लेकिन सवाल यह है कि क्या हम सिर्फ हादसों के बाद ही जागेंगे?