रेवांचल की ख़बर का असर….. तेजी पैर पसार रहे झोलाछाप ड्राक्टर के समाचार को जिला प्रशासन ने लिया संज्ञान में दी सख़्त कार्यवाही के निर्देश
दैनिक रेवांचल टाईम्स – मंडला जिले के गांव गाँव मे तेज़ी पैर पसार रहे झोलाछाप ड्राक्टर के समाचार को रेवांचल टाइम्स में प्रमुखता से प्रकाशन के बाद जिला प्रशासन ने अपने संज्ञान में लेते हुए टी एल बैठक में दिये सख्त कार्रवाई के निर्देश
वही दैनिक रेवांचल टाईम्स समाचार पत्र में झोलाछाप ड्राक्टर की ख़बर दिनांक 1 नवंबर 2025 को प्रमुखता से उठाई थी जिसमें यह उल्लेख किया था कि बड़ी तेजी से नगर से लेकर गाँव गाँव मे झोलाछाप डॉक्टर ने अपनी किलिनिक संचालित करते हुए एलोपैथी पद्धति से ग्रामीणों का ईलाज करते हुए मनमाना पैसा ऐंठ रहे है और सरकारी अस्पताल में अव्यवस्था और लोगों समय ईलाज नही मिल पा रहा है जिस खबर को जिला प्रशासन ने अपने संज्ञान में लेते हुए सोमवार को हुई टी एल बैठक में कलेक्टर के निर्देश – हाईवे पर संचालित ढाबों का निरीक्षण करें, अवैध क्लीनिकों पर करें कार्रवाई
वही कलेक्टर सोमेश मिश्रा ने सोमवार को आयोजित टीएल (टाइम लिमिट) बैठक में अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी एसडीएम अपने-अपने क्षेत्र में हाईवे पर संचालित ढाबों का निरीक्षण करें। साथ ही यह भी निर्देश दिए कि जिले में अवैध रूप से संचालित क्लिनिकों पर सख्त कार्रवाई की जाए। बिना पंजीयन, मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने सीएम हेल्पलाईन की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि सौ दिवस से अधिक समय से लंबित शिकायतों पर फोकस करें और ऐसी सभी शिकायतों का निराकरण प्राथमिकता के साथ किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिकायतें लंबित न रहें, इसके लिए अधिकारी नियमित रूप से मॉनिटरिंग करें। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि सीएम हेल्पलाइन से संबंधित प्रकरणों में वसूले गए जुर्माने की राशि रेडक्रॉस सोसाइटी के खाते में जमा कराई जाए। पटवारी एवं राजस्व का समस्त मैदानी अमला फील्ड पर सक्रिय रहे, जिससे आमजन को किसी प्रकार की परेशानी न हो। राजस्व प्रकरणों का निराकरण करने में लापरवाही नहीं हो।
बैठक में उन्होंने 14 नवंबर से 16 नवंबर तक रामनगर एवं गढ़ मंडला में आयोजित किए जाने वाले 3 दिवसीय जननायक गोंड इतिहास के नृत्य नाटिका की तैयारियों की समीक्षा कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। मध्यप्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर जिला स्तर पर आयोजित कार्यक्रम में अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए और कहा कि यदि जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया तो संबंधित अधिकारी का एक दिवस का वेतन काटने की कार्यवाही जिला कोषालय अधिकारी द्वारा की जाए। उन्होंने कहा कि कोदो-कुटकी पंजीयन का कार्य 9 नवंबर तक किया जाना है। इसके लिए जिले के कोदो-कुटकी उत्पादक कृषकों का शतप्रतिशत पंजीयन कार्य पूरा कर लिया जाए। यह शासन की मुख्य प्राथमिकताओं में से एक है।
बैठक में उन्होंने विज़न डॉक्यूमेंट की विधानसभावार समीक्षा भी की और कहा कि यह दस्तावेज़ वर्ष 2047 के परिप्रेक्ष्य में तैयार किया जाए, जिससे जिले के विकास का दीर्घकालिक रोडमैप निर्धारित हो सके। कलेक्टर श्री मिश्रा ने सभी विभाग प्रमुखों को निर्देशित किया कि विकास योजनाओं और प्राथमिकताओं को विज़न 2047 के लक्ष्यों से जोड़ा जाए, ताकि जिले के समग्र विकास की दिशा में ठोस परिणाम प्राप्त किए जा सकें।
आगामी समाधान ऑनलाइन के चयनित विषयों, सीएम और सीएस मॉनिट के लम्बित प्रकरणों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि जनहित से जुड़े मामलों में लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी विभाग अपने-अपने दायित्वों का पालन करें ताकि शासन की योजनाओं और सेवाओं का लाभ आमजन तक प्रभावी ढंग से पहुँच सके। बैठक में अपर कलेक्टर राजेन्द्र कुमार सिंह, सीईओ जिला पंचायत शाश्वत सिंह मीना, समस्त एसडीएम सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारी ऑनलाईन वीसी के माध्यम से जुड़े थे।