कलम के हंटर, नशीली आँख वाला पैथोलॉजी संचालक दुम दबा कर भाग गया
रेवांचल टाइम्स – मंडला, जिले के विकास खंड बीजाडांडी में पैथोलॉजी लैब में एक बड़ा खेल चल रहा था। लैब टेक्नीशियन एक पैथोलॉजी रिपोर्ट बना रहा था। सुप्रीम कोर्ट के सख्त आदेश थे कि पैथोलॉजी लैब चलाने के लिए एमडी पैथोलॉजिस्ट की योग्यता धारक होना आवश्यक है। इस आदेश को कूड़ा-कचरा समझकर कृष्णा पैथोलॉजी सेंटर द्वारा इलाज के नाम पर लूट मचा रखी थी।
नियम विरुद्ध पैथोलॉजी संचालन पर कलमकार की कलम से अखबारों में शेर के माफिक हमला हुआ। खबर से ग्रामीण क्षेत्र में कोलाहल मच गया, चर्चा से बाजार गर्मा गया। चर्चा यह भी थी कि कृष्णा पैथोलॉजी सेंटर की बहुत भयंकर खबर छपी है।
वही जानकारी के अनुसार खबर पढ़ते ही नशीली आँख वाला पैथोलॉजी संचालक कलमकार के कलम से निकले शब्द बाण नामक हंटर ऐसे लगे कि संचालक खबर पढ़ते ही 12 बजे के आसपास मुंह छुपा, दुम दबा कर भाग गया। सट्टर में चस्पा किया गया है, अब आगे देखना यह है संचालक नेता कि दम पर पुनः सेंटर शुरू करेंगे य फिर सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार एमडी पैथलॉजिट योग्यता धारक कि उपस्तिथि में संचालन करेंगे।