भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रहा वार्ड 10 का नाली निर्माण
*10mm की जगह 8mm की रॉड से हो रहा खानापूर्ति का खेल
*नगर पालिका उपयंत्री की ‘मौन स्वीकृति’ पर उठे सवाल, ठेकेदार की मनमानी चरम पर*
रेवांचल टाइम्स जुन्नारदेव नगर पालिका जुन्नारदेव में कर प्रणाली के बाद अब निर्माण कार्यों में मची बंदरबांट और अनियमितताओं का एक गंभीर मामला सामने आया है।
वार्ड क्रमांक 10 स्थित अंबिका होटल के सामने बन रही नाली निर्माण में ठेकेदार द्वारा खुलेआम मानकों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। ताज्जुब की बात यह है कि जिम्मेदार अधिकारी इस पूरे खेल से आंखें मूंदे बैठे हैं।
*मानकों को ताक पर रखकर ‘घटिया’ निर्माण*
मिली जानकारी के अनुसार, इस निर्माण कार्य में निर्धारित मापदंडों के मुताबिक 10 मिमी (10mm) की लोहे की छड़ का उपयोग किया जाना अनिवार्य है, लेकिन ठेकेदार अपनी मनमानी करते हुए महज 8 मिमी (8mm) की रॉड का इस्तेमाल कर रहा है। इतना ही नहीं, मजबूती के नाम पर लोहे को एक-एक फीट की दूरी पर बांधा जा रहा है, जो संरचना की सुरक्षा से खिलवाड़ है।
*गुणवत्ता पर नागरिकों का आक्रोश*
स्थानीय नागरिकों ने कंक्रीट के मिश्रण पर भी गंभीर सवाल उठाए हैं। वार्डवासियों का आरोप है कि नाली निर्माण में घटिया रेत और कमजोर मिश्रण का उपयोग किया जा रहा है। लोगों का कहना है कि इस तरह के दोयम दर्जे के काम से नाली कुछ ही महीनों में क्षतिग्रस्त हो जाएगी, जिससे जनता के टैक्स के पैसे की खुली बर्बादी हो रही है।
*अधिकारियों की उदासीनता पर सवाल*
नागरिकों ने नगर पालिका के उपयंत्री अनुराग सरैया पर सीधा आरोप लगाते हुए कहा कि उनकी लापरवाही और कार्यस्थल पर अनुपस्थिति के कारण ही ठेकेदार को गुणवत्ता से खिलवाड़ करने की छूट मिली हुई है। जब जिम्मेदार अधिकारी ही निरीक्षण के लिए समय नहीं निकालेंगे, तो ठेकेदार की मनमानी पर लगाम कौन लगाएगा?
*इनका कहना है*
“नगर पालिका सीएमओ और उपयंत्री प्रतिदिन इसी मार्ग से गुजरते हैं। उनकी आंखों के सामने यह गुणवत्ताहीन कार्य होना प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाता है। मैं इस घटिया निर्माण का कड़ा विरोध करता हूं और इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग करता हूं।”अरुणेश जायसवाल, पार्षद वार्ड क्रमांक 10